नई दिल्ली: केंद्र सरकार ने बजट 2025 पेश कर दिया है, और इसमें हर वर्ग के लिए कुछ न कुछ खास है। यह बजट देश की आर्थिक प्रगति को गति देने, नौकरी के नए अवसर पैदा करने और आम जनता को करों में राहत देने पर केंद्रित है।
आर्थिक विकास को मिलेगी मजबूती
सरकार ने इस बार विभिन्न क्षेत्रों में निवेश बढ़ाकर आर्थिक विकास को तेज करने की योजना बनाई है। जब उद्योग और व्यापार को बढ़ावा मिलेगा, तो इससे रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे, जिससे आम लोगों की आय में बढ़ोतरी होगी।
मध्यम वर्ग को टैक्स में राहत
इस बजट में मध्यम वर्ग के लिए बड़ी खुशखबरी है। नई कर व्यवस्था के तहत अब 12.75 लाख रुपये तक की वार्षिक आय पर कोई टैक्स नहीं लगेगा। इसके अलावा, ऊपरी टैक्स स्लैब में भी कटौती की गई है, जिससे अधिक लोगों को कर में राहत मिलेगी। साथ ही, टैक्स प्रक्रिया को आसान बनाया गया है, ताकि आम नागरिक बिना किसी परेशानी के अपना रिटर्न दाखिल कर सकें।
किसानों के लिए बड़े ऐलान
कृषि क्षेत्र को मजबूती देने के लिए सरकार ने 2.66 लाख करोड़ रुपये का बजट आवंटित किया है। ‘दलहन कृषि योजना’ के तहत दालों की पैदावार बढ़ाने के लिए विशेष प्रोत्साहन दिए जाएंगे, जिससे 1.7 करोड़ किसान लाभान्वित होंगे। प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने पर भी जोर दिया गया है, जिससे खेती को अधिक टिकाऊ और पर्यावरण के अनुकूल बनाया जा सके। इसके अलावा, बिहार में मखाना किसानों के लिए एक अलग बोर्ड गठित किया जाएगा, जिससे उन्हें अपनी उपज का उचित मूल्य मिल सकेगा।
बुनियादी ढांचे और रोजगार पर विशेष ध्यान
सरकार ने देश के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए 11.1 लाख करोड़ रुपये की भारी-भरकम राशि आवंटित की है। इससे सड़क, रेलवे, हवाई अड्डे और अन्य बुनियादी सुविधाओं का तेजी से विकास होगा। इन परियोजनाओं से लाखों लोगों को रोजगार मिलेगा, खासकर इंजीनियरिंग और निर्माण क्षेत्र में काम करने वालों को।
नए भारत की ओर एक कदम और
कुल मिलाकर, बजट 2025 देश के आर्थिक विकास, कर राहत, कृषि सुधार और रोजगार सृजन पर केंद्रित है। सरकार ने देश को आत्मनिर्भर और मजबूत बनाने की दिशा में एक और ठोस कदम बढ़ाया है। हालांकि, इस बजट की वास्तविक सफलता इसके प्रभावी क्रियान्वयन पर निर्भर करेगी। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि आने वाले महीनों में ये योजनाएं कितनी सफल होती हैं।